कैल्शियम क्या है, फायदे, नुकसान और स्रोत | What is calcium, benefits, side effects and sources in Hindi

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कैल्शियम क्या है?

कैल्शियम हमारे शरीर में प्रचुर मात्रा में पाए जाने वाला खनिज है। यह हमारी सेहत के लिए बहुत ही उपयोगी और फायदेमंद है। कैल्शियम एक ऐसा रासायनिक तत्व (Chemical element) है जो मनुष्यों समेत जीवित जीवों के लिए बहुत ही आवश्यक है। कैल्शियम हमारी हड्डियों को मज़बूत बनाने के लिए और दिमाग का बाकी अंगो के साथ प्रभावी संचार बनाये रखने के लिए चाहिए होता है।

बहुत सारे खाद्य पदार्थों में कैल्शियम स्वाभाविक रूप से पाया जाता है

हमारे शरीर को कैल्शियम क्यों चाहिए?

हमारे शरीर में  99% कैल्शियम हड्डियों और दांतो में होता है। जब तक हमारी उम्र 20 या 25 वर्ष होती है तब हड्डियों की घनत्वता सबसे ज्यादा होती है और तब भी कैल्शियम हमारी हड्डियों को मज़बूती प्रदान करता है। इसके बाद हमारे शरीर में हड्डी की घनत्वता कम होनी शुरू हो जाती है परन्तु फिर भी कैल्शियम हमारी हड्डियों की मज़बूती बनाए रखता है और हड्डी घनत्व में कमी को धीमा करता है।

कैल्शियम के फायदे | Benefits of Calcium in Hindi

वैसे तो कैल्शियम के फायदे है की वो हमारी हड्डियों को और दांतो को मज़बूत करता है। इसके और भी बहुत से फायदे है, आईये विस्तार से जानते है।

वजन कम करता है

यह हमारे शरीर का वजन नियंत्रण में रखता है और कई परिस्थियों में तो यह फैट को कम करने में भी उपयोगी सिद्ध होता है। हमे अपना आहार कैल्शियम से भरपूर रखना चाहिए ताकि हमारे शरीर में ताकत बनी रहे। ऐसे में हमारे शरीर को उचित कम काज के लिए जो ऊर्जा चाहिए होती है वो उसे भोजन से मिल जाती है और हमारे शरीर का फैट भी बर्न हो जाता है।

दिल की सेहत

कैल्शियम हमारे दिल की सेहत ठीक रखता है। कैल्शियम यह सुनिश्चित करता है कि दिल की मांसपेशियों ठीक रूप से सिकुड़ रही है या नहीं।

कोलन कैंसर होने का खतरा कम करता है

हलाकि कैल्शियम का सीधा सम्बन्ध नहीं है कैंसर को रोकने से परन्तु अगर विशेष्यज्ञों की माने तो वो कहते है की जो लोग ऐसा आहार लेते है जिसमे की कैल्शियम की मात्रा भरपूर होती है उनको कोलन कैंसर होने का खतरा कम है।

किडनी में पथरी को रोकता है

कैल्शियम हमारी शरीर की किडनी की सेहत के लिए बहुत ही फायदेमंद है। यह हमारे शरीर में किडनी में पथरी बनने से रोकता है।

मज़बूत हड्डियां

कैल्शियम रीढ़ की हड्डी को मजबूत करता है और पीठ के दर्द को ख़त्म करने में भी मदद करता है। यह गठिये के रोग को भी कम करने में बहुत ही लाभदायी है।

रक्तचाप को नियंत्रित करता है

शोध के अनुसार शाकाहारी आहार जिसमे कैल्शियम, मैग्नीशियम, पोटैशियम और फाइबर हो उस आहार से हमारा रक्तचाप नियंत्रित रहता है।

कैल्शियम के नुकसान | Side effects of Calcium in Hindi

कैल्शियम के हलाकि कोई इतने ज्यादा नुकसान नहीं है परन्तु हमारे शरीर में कैल्शियम की सहनशील सीमा होती है, अगर हम इससे अधिक कैल्शियम लेंगे तो हमे नुकसान हो सकता है। एक सामान्य व्यक्ति को 1000 – 1300 मिलीग्राम ही कैल्शियम लेना चाहिए। यदि इससे ज्यादा लेते है तो नुकसान हो सकता है। ज्यादा मात्रा में कैल्शियम लेने से हमे हार्ट अटैक भी हो सकता है। तो उम्र के हिसाब से आपको कैल्शियम की जितनी मात्रा लेनी चाहिए उतनी ही ले, यदि उससे ज्यादा लेंगे तो समस्या हो सकती है।

कैल्शियम के स्रोत

कैल्शियम हमे निम्नलिखित पदार्थो से मिलता है

  • दूध: दूध कैल्शियम का अच्छा स्रोत है। एक गिलास (लगभग 250 ग्राम) में 300 – 320 मग कैल्शियम होता है।
  • दही: 100 ग्राम दही में 80 – 90 मिलीग्राम कैल्शियम होता है
  • पनीर: 100 ग्राम पनीर में 200 – 210 मिलीग्राम कैल्शियम होता है
  • बादाम: 100 ग्राम बादाम में 264 मिलीग्राम कैल्शियम होता है
  • हरी पत्तेदार सब्जिया: सब्जिया जैसे की पालक, गोबी, ब्रोकली। 100 ग्राम हरी पत्तेदार सब्जिया में लगभग 90 – 180 मिलीग्राम कैल्शियम होता है।
  • मछली: मछली भी एक अच्छी कैल्शियम का स्रोत है। 100 ग्राम मछली में 15 मिलीग्राम कैल्शियम होता है।
  • बीन्स: 100 ग्राम बीन्स में 113 मिलीग्राम कैल्शियम होता है
  • गुड़: 100 ग्राम गुड़ में 80 मिलीग्राम कैल्शियम होता है।
  • सोयाबीन: 100 ग्राम सोयाबीन में 277 मिलीग्राम कैल्शियम होता है।

हमे कितना कैल्शियम चाहिए

उम्र के हिसाब से हमे अलग अलग मात्रा में कैल्शियम की जरुरत होती है। आइये जानते है विस्तार से की किस उम्र में हमे कितना कैल्शियम चाहिए।

जन्म से 6 महीने तक200 मिलीग्राम
7 से 12 महीने तक260 मिलीग्राम
1 से 3 साल के बचों के लिए700 मिलीग्राम
4 से 8 साल के बचों के लिए1000 मिलीग्राम
9 से 13 साल के बचों के लिए1300 मिलीग्राम
14 से 18 साल किशोर उम्र के बचों के लिए1300 मिलीग्राम
19 – 50 साल के वयस्क व्यक्तियों के लिए1000 मिलीग्राम
51 – 70 साल के पुरुष के लिए1000 मिलीग्राम
51 – 70 साल की महिला के लिए1200 मिलीग्राम
71 और उससे अधिक उम्र के व्यक्तियों के लिए1200 मिलीग्राम
गर्भवती और स्तनपान किशोर के लिए1300 मिलीग्राम
गर्भवती महिला और स्तनपान वयस्कों के लिए1000 मिलीग्राम

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